MP Private College Admission Fees Update
MP Private College Admission Fee Regulation: एडमिशन एंड फीस रेगुलेशन कमेटी (एएफआरसी) अब प्राइवेट कॉलेजों की फीस का निर्धारण करते समय प्रोफेसरों के वेतन को भी आधार बनाएगी। इसके लिए कॉलेजों को अपने यहां नियुक्त हर फैकल्टी के वेतन की संपूर्ण जानकारी बैलेंस शीट के साथ देनी होगी। ऐसा नहीं करने पर कॉलेजों की फीस में कटौती भी हो सकती है। यानि प्रदेश के 1200 प्राइवेट कॉलेजों की करीब 12 हजार फैकल्टी अब फीस तय करने में धुरी बनेगी।
एएफआरसी को आगामी तीन सत्र 2026-27, 2027-28 और 2028-29 की फीस निर्धारित करना है। कॉलेजों के लिए इसके आवेदन जल्द ही खोले जाएंगे। अब इसमें कॉलेजों को हर फैकल्टी का पूरा ब्यौरा देना होगा। यहां तक कि फैकल्टी का पैन कार्ड नंबर तक देना होगा। ताकि, स्पष्ट हो सके कि भुगतान उन्हें एआईसीटीई, बीसीआई, एनसीटीई और एनएमसी द्वारा तय मापदंडों के तहत ही किया जा रहा है। फीस कमेटी द्वारा तैयार सॉफ्टवेयर में प्रोफेसर का ब्यौरा दिया जाएगा। इससे उनके वेतन के हिसाब से फीस का कैल्कुलेशन भी आसानी से हो सकेगा। इससे यह साफ हो जाएगा कि कॉलेजों द्वारा बैलेंस शीट में बताए गए प्रोफेसरों की हकीकत क्या है।
ऑडिट में प्रस्तुत करनी होगी बैलेंस सीट
फीस कमेटी को प्रदेश के लॉ, इंजीनियरिंग, मैनेजमेंट, फार्मेसी, आर्किटेक्चर, होटल मैनेजमेंट और मेडिकल के साथ एनसीटीई कोर्स संचालित करने वाले कॉलेजों की फीस निर्धारित करना है। इसके लिए कॉलेज अगले सप्ताह से फीस कमेटी में आवेदन कर सकेंगे। कॉलेजों को वर्तमान सत्र की ऑडिटेड बैलेंस शीट प्रस्तुत करनी होगी
यह है कॉलेजों में फैकल्टी की नियुक्ति का गणित
यूजीसी के नॉम्स के अनुसार र कॉलेजों में प्रत्येक ब्रांच में 60 स्टूडेंट्स की संख्या के आधार पर 10 फैकल्टी होना जरूरी है। इसमें कॉलेज कोड 28 का पालन करते हुए एक डायरेक्टर, एक प्रोफेसर, दो एसोसिएट प्रोफेसर और 6 असिस्टेंट प्रोफेसर होना आवश्यक है। इस तरह एएफआरसी के सामने अब 1200 कॉलेजों को अपनी करीब 12 हजार फैकल्टी की पूरी कुंडली बैलेंस शीट पर देना होगी